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खाद वितरण में गड़बड़ी का मुद्दा विधानसभा में गूंजा, जांजगीर-चांपा विधायक ब्यास कश्यप ने उठाई उच्च स्तरीय जांच की मांग…

  • खाद वितरण में गड़बड़ी का मुद्दा विधानसभा में गूंजा, जांजगीर-चांपा विधायक ब्यास कश्यप ने उठाई उच्च स्तरीय जांच की मांग.

 

छत्तीसगढ़ विधानसभा बजट सत्र के आठवें दिन कृषि, पशुपालन, मछली पालन एवं आदिम जाति विकास विभाग के अनुदान मांगों पर चर्चा करते हुए जांजगीर-चांपा विधायक ब्यास कश्यप ने कहा कि छत्तीसगढ़ की आत्मा खेती-किसानी पर ही बसती है और हम अधिकांश किसान यहां पर चाहे सत्ता पक्ष के हो, चाहे विपक्ष के हों, सबका मूल व्यवसाय खेती-किसानी ही है। मैं स्वयं पहले एक किसान हूं, बाद में विधायक हूं। खेती मेरी पहचान है और मिट्टी मेरी आत्मा, इसलिए किसान की सिसकियों को मैं अपनी मेज पर महसूस करता हूं। उन्होंने कहा कि खाद-बीज की कमी एवं कालाबाजारी से किसान परेशान हैं। सरकारी सोसायटियों में यूरिया का स्टाॅक खत्म बता दिया जाता है जबकि वही यूरिया खुले बाजार में 1500 रूपए प्रति बोरा तक बिका है। राज्य के खाद वितरण की नोडल एजेंसी मार्कफेट के द्वारा छत्तीसगढ़ के स्थानीय कारखानों को दरकिनार कर राजस्थान की एक प्रायवेट कंपनी के खाद को सोसायटियों में भर-भरकर बिकवाया। उसके द्वारा मोटा कमीशन लेकर राजस्थान की कंपनी को लाभ पहुंचाया गया है। मार्कफेड का सिंगल सुपर फास्फेट खाद में कमीशन किसी से छिपा नही है। सहकारी समिति के लिए इसकी किमत 500 रूपये तय की गई है जबकि खुले बाजार में यह 450 रूपए में मिल जाता है क्या पिछले साल डी.ए.पी. के बदले तीन बोरी एस.एस.पी. इसी कमीशन के लिए बिकवाया गया। उन्होंने राजस्थान की प्राइवेट कंपनी को लाभ पहुंचाने वाले अधिकारी एवं मार्कफेट खाद घोटाले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की।

मैं जांजगीर-चांपा जिले से आता हूं, वहां के साथ-साथ पूरे राज्य में धान का उत्पादन घट गया है, इसका प्रत्यक्ष उदाहरण है कि सरकार इस बार 149 लाख मीट्रिक टन के बदले 141 लाख मीट्रिक टन ही धान खरीद पाई है। प्रमाणित आंकड़ों में वर्ष 2024-25 में 149 लाख मीट्रिक टन रह गया है। जांजगीर-चांपा में भी उत्पादन साढ़े छः लाख से गिरकर 6 लाख 10 हजार मीट्रिक टन पर आ गया है। यह गिरावट प्रमाणित करती है कि खाद नही मिलने से किसानों को भारी नुकसान हुआ है।

उन्होंने कहा कि मैं जांजगीर-चांपा जिले से आता हूं। पिछली सरकार के समय 184 करोड़ रूपये का ऋण वितरण हुआ था जो इस सरकार में घटकर 164 करोड़ रूपए रह गया है। जिला सहकारी बैंक बिलासपुर में यू.पी.आई. नही होने से उपभोक्ताओं को भारी समस्या का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने आगे कहा कि छ.ग. की वर्तमान सरकार के द्वारा राजीव गांधी किसान न्याय योजना का नाम बदलकर कृषक उन्नति योजना तो कर दिया गया, लेकिन बोनस का पैसा देने में बैंक असमर्थ हैं। उन्होंने फसलों के लिए यूरिया, पोटाश, डी.ए.पी. के साथ-साथ जिंक मैंगनीज एवं माइक्रो न्यूट्रिशन वाले खाद प्रदान करने पर भी जोर दिया। वरना पौष्टिक आहार नही मिलने से आने वाली पीढ़ी मेडिकल स्टोर पर मल्टीविटामिन की गोलियां ढूंढते रह जायेंगे। उन्होंने दलहनी-तिलहनी खेती के लिए भी जोर देने तथा उसके लिए एम.एस.पी. के अनुसार भुगतान करने पर जोर दिया।

मछली पालन विभाग पर चर्चा के दौरान उन्होंने कहा कि जांजगीर-चांपा जिला में सर्वाधिक बारहमासी पानी से भरे रहने वाले तालाब हैं। यहां मत्स्य उत्पादन एवं मछली पालन को बढ़ावा मिलना चाहिए। मछुवारों को मछली पालन एवं मत्स्य का ठेका देने के संबंध में शासन स्पष्ट नीति बनाए। उन्होंने जांजगीर-चांपा जिला मंे विगत दिनों मछुआरा समुदाय द्वारा किये गये आंदोलन की याद दिलाते हुए कहा कि जंाजगीर में 32 मछुआरों के खिलाफ एफ.आई.आर. हो गया। उनका हक न छिना जाए। मछली पालन में मछुआरा समुदाय को प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने जांजगीर-चांपा जिला में मत्स्य पालन हेतु प्रशिक्षण केन्द्र खोले जाने की मांग की।

पशुपालन विभाग पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि देसी नस्ल की गाय है कोसली गाय। उसके संवर्धन पर हमें ध्यान देने की विशेष आवश्यकता है। दुग्ध उत्पादन को बढ़ाने के लिए शासन की कोई स्पष्ट नीति नहीं है। बजट में बड़े-बड़े प्रावधान किए जाते हैं किन्तु धरातल पर उसका लाभ किसानों को नही मिलता है। पशुधन के संवर्धन के लिए चरागाह के विकास पर भी उन्होंने जोर दिया। इसके लिए उन्होंने गौठानों को चरागाह के रूप विकसित करने का सुझाव दिया।

कृषि विभाग में रिक्त पदों को शीघ्र भरने के संबंध में भी उन्होंने मांग रखी। उन्होंने कहा कि एग्रीकल्चर की पढ़ाई करने वाले युवा बेरोजगार सरकार की ओर आस भरी निगाहों से देख रहें हैं यदि समय रहते उन्हें सरकारी नौकरी नही मिली तो उन शिक्षित बेरोजगारों के सब्र का बांध टूटेगा और सरकार को उनके आक्रोश का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने आदिम जाति विकास विभाग के बजट अनुदान मांगों पर भी अपने सुझाव रखे।

Lakheshwar Yadav

Office Add. - Link Road, Angel Sports Complex Janjgir, 495668 Mob.9755932150

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